93 साल के सरसबाई कर्नावट का सागारी संथारे के साथ जारी है 45 वां उपवास !

तलेगांव दाभाडे, पुणे, तपस्या मूर्ति, तप साम्राज्ञी, आदरणीया माताजी श्रीमती सरसबाई कर्नावट जिनकी आयु है 93 वर्ष और जो आज भी उस तपोमार्ग पर अविचल खड़ी हैं, जिस पर चलने की हिम्मत कम ही पुण्यशालियों को मिलती है।

श्रद्धा और संयम का अनूठा संगम – पिंपलगाव बसवंत में भक्तिभाव के साथ संपन्न हुआ भक्तामर महा-अनुष्ठान और संयम पर्व समारोह!

पिंपलगाव बसवंत, भक्ति का ऐसा प्रवाह जिसने हर दिल को सराबोर कर दिया और आस्था का ऐसा माहौल जिसने पिंपलगाव बसवंत की धरा को अलौकिक आध्यात्मिक इतिहास का गवाह बना दिया। नेमीनाथ नगर स्थित श्री माणकलाल केवलचंद पारख जैन स्थानक में दिनांक १३ अप्रैल २०२६, शनिवार को श्रावकों और साधकों की अभूतपूर्व उपस्थिति के बीच … Read more

रिश्तों में संवाद, जीवन में संयम : इंदौर और पुणे की घटनाओं से समाज को सीख !

रिश्तों की हत्या नहीं, संवेदनाओं का पुनर्जागरण चाहिए – श्रमण डॉ पुष्पेंद्र ! फ़रवरी से जून माह के बीच देश में इंदौर और पुणे जैसी चर्चित हत्याओं ने पूरे समाज को झकझोर दिया है। ये घटनाएँ केवल आपराधिक मामले नहीं हैं, बल्कि आधुनिक पारिवारिक जीवन, सामाजिक संबंधों और मानवीय मूल्यों के सामने खड़े गंभीर प्रश्न … Read more

मंत्रोच्चार से गूंजा शिरपूर – नूतन जिन मंदिर दादावाडी चल प्रतिष्ठा महोत्सव भव्यता से संपन्न !

शिरपूर, वाशिम जिले के प्रसिद्ध जैन तीर्थक्षेत्र शिरपूर में श्री अंतरिक्ष पार्श्वनाथ नूतन जिन मंदिर दादावाडी का चल प्रतिष्ठा महोत्सव गुरुवार को अपार भक्तिभाव और मंगलमय वातावरण के बीच संपन्न हुआ। शिरपूर के पारसबाग परिसर में तीन दिनों तक चले इस आयोजन ने पूरे वातावरण को भक्ति और प्रेम की सुगंध से भर दिया।

बेंगलुरु की धरती पर डायग्नोपिन का परचम — दो राष्ट्रीय पुरस्कारों से सम्मानित !

बेंगलुरु की धरती पर एक ऐसा पल आया जो डायग्नोपिन परिवार के लिए सदा यादगार रहेगा। Global Healthcare & Wellness Awards के मंच पर जब डायग्नोपिन का नाम गूंजा, तो वह केवल एक पुरस्कार नहीं था, वह था हजारों मरीजों के भरोसे का सम्मान, समर्पित टीम की अथक मेहनत और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा के प्रति … Read more